आरोप: इंसुलिन मिलने के बाद बोले आप सांसद संजय सिंह, ‘तिहाड़ जेल आज केजरीवाल के लिए बना यातना गृह’
नई दिल्ली । दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को तिहाड़ जेल में गिरफ्तारी के बाद पहली बार इंसुलिन देने के बाद अब आम आदमी पार्टी लगातार ईडी, जेल प्रशासन और भाजपा पर निशाना साध रही हैं। आप से राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने कहा कि अरविंद केजरीवाल को इंसुलिन दी जा चुकी हैं। जिसकी हम मांग कर रहे थे।
पीएमओ और एलजी पर लगाया आरोप
उन्होंने सवाल करते हुए पूछा कि आखिर बीते 23 दिनों से उन्हें इंसुलिन क्यों नहीं दी गई थी। हम पूछना चाहते हैं कि क्या यह अरविंद केजरीवाल को मारने की साजिश थी। दिल्ली की तिहाड़ जेल अरविंद कजेरीवाल के लिए आज यातना गृह बन चुका है। 24 घंटे उन्हें पीएमओ और एलजी की निगरानी में रखा जा रहा है।
तिहाड़ में मिली केजरीवाल को इंसुलिन

अरविंद केजरीवाल को बीती शाम दिल्ली की तिहाड़ जेल में इन्सुलिन दी गई। केजरीवाल का शुगर लेवल लगातार हाई हो रहा था। जो 320 तक पहुंच गया था। प्रवर्तन निदेशालय की गिरफ्तारी के बाद पहली बार इन्सुलिन दी गई है। तिहाड़ के अधिकारियों ने पुष्टि की है कि केजरीवाल को बीती शाम 7 बजे के बाद इंसुलिन की दो खुराक दी गई थी।
केजरीवाल के स्वास्थ्य पर तिहाड़ जेल प्रशासन का बयान
अरविंद केजरीवाल के स्वास्थ्य पर तिहाड़ जेल के महानिदेशक (जेल) संजय बेनीवाल ने कहा कि खाना हमारे यहां समय पर दिया जाता है। अदालत आदेश के चलते इन्हें घर से खाना आता है। जिसकी जांच में पांच से सात मिनट का समय लगता है। हमारे यहां लगभग 900-1000 कैदियों को मधुमेह है। हम जिनका प्रबंधन कर रहे हैं। मेरे लिए ये मुद्दे नहीं है। लेकिन अगर लोग राजनीति के लिए ऐसे मुद्दे उठा रहे हैं, मुझे इसमें शामिल नहीं होना है।
मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने तिहाड़ जेल के अधीक्षक को चिट्ठी लिखी है। इसमें उन्होंने जेल प्रशासन पर गलत बयान देने का आरोप लगाया है। तिहाड़ प्रशासन का पहला बयान ‘अरविंद केजरीवाल ने इंसुलिन का मुद्दा कभी नहीं उठाया’ यह सरासर गलत है। उन्होंने कहा कि वह पिछले 10 दिन से लगातार इंसुलिन का मुद्दा उठा रहे हैं। जब भी कोई डॉक्टर देखने आया, तो उन्हें बताया कि उनका शुगर लेवल बहुत हाई है। मैंने ग्लूको-मीटर की रीडिंग दिखाकर बताया कि दिन में 3 बार पीक आती है और शुगर लेवल 250-320 के बीच जाता है। मैंने बताया कि फास्टिंग का शुगर लेवल रोज 160-200 पर है। मैंने रोज इंसुलिन की मांग की है। लेकिन यह झूठा बयान कैसे दे सकते हैं कि केजरीवाल ने कभी इंसुलिन का मुद्दा नहीं उठाया।

