फैसला: विशेष न्यायाधीश ने गांजा बेचने के दोषी को सुनाई तीन वर्ष की कैद की सजा
हरिद्वार(आरएनएस)। गांजा के साथ पकड़े गए आरोपी पंकज शर्मा को विशेष न्यायाधीश एनडीपीएस एक्ट राकेश कुमार सिंह ने दोषी करार दिया है। विशेष कोर्ट ने आरोपी को तीन वर्ष का कारावास और 20 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। शासकीय अधिवक्ता कुशलपाल सिंह चौहान ने बताया कि 30 जनवरी 2018 को कोतवाली ज्वालापुर में तैनात उप निरीक्षक नितेश शर्मा अपने निजी वाहन से क्षेत्र में देखरेख व शांति व्यवस्था के लिए घूम रहे थे। पुलिस कर्मियों ने बताया कि मुखबिर ने सूचना दी है कि लालमंदिर के पास एक युवक गांजा बेच रहा है। जिसपर एसआई नितेश शर्मा, पुलिस कर्मी और मुखबिर को साथ लेकर बजाज शोरूम फ्लाईओवर आर्यनगर पहुंचा, जहां मुखबिर ने लाल मंदिर की तरफ इशारा कर बताया कि वहां जो युवक खड़ा है, वहीं गांजा बेच रहा है।सभी पुलिसकर्मियों ने दबिश देकर आरोपी पंकज शर्मा पुत्र लप्पा राम निवासी लाल मंदिर कॉलोनी ज्वालापुर को गांजा बेचते हुए पकड़ लिया था। अभियोजन पक्ष की ओर से गवाही में छह गवाह पेश कराए गए। साथ ही, अर्थदंड धनराशि जमा नहीं करने पर आरोपी को दो माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
सिडकुल की फैक्टरी में करंट लगने से कर्मचारी की मौत
उधर, शहर के सिडकुल क्षेत्र स्थित एक फैक्टरी में काम के दौरान करंट लगने से 28 वर्षीय कर्मचारी की मौत हो गई। हादसे के बाद उसे गंभीर हालत में मेट्रो अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। एसओ अजय शाह ने बताया कि बुधवार को मेट्रो अस्पताल से एक व्यक्ति को मृत अवस्था में लाए जाने की सूचना मिली। मृतक की पहचान अमित कुमार (28) पुत्र राम सुरेश चौधरी निवासी डबोली खुर्द, थाना लालगंज, जिला बस्ती (उत्तर प्रदेश), हाल निवासी रोशनाबाद, सिडकुल के रूप में हुई है।प्रारंभिक जांच में सामने आया कि अमित कुमार सिडकुल स्थित साइनोकेम कंपनी के प्लांट-1 में इंसुलेशन का कार्य करता था। ड्यूटी के दौरान अचानक उसे बिजली का करंट लग गया, जिससे वह गंभीर रूप से झुलस गया। कंपनी के इंजीनियर अजीत ठाकुर उसे तत्काल मेट्रो अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। एसओ अजय शाह ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।

