शर्मनाक: 800 रुपये में बिक रहा लेबर रूम का वीडियो, अस्पताल में वायरल फुटेज ने मचाई सनसनी

शर्मनाक: 800 रुपये में बिक रहा लेबर रूम का वीडियो, अस्पताल में वायरल फुटेज ने मचाई सनसनी
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राजकोट। गुजरात से महिलाओं की प्राइवेसी (निजता) से खिलवाड़ का एक बेहद घिनौना और रोंगटे खड़े कर देने वाला मामला सामने आया है। यहां अस्पतालों के लेबर रूम में लगे सीसीटीवी (CCTV) कैमरों को हैक कर, प्रसव (डिलिवरी) और इलाज के दौरान महिलाओं के बेहद आपत्तिजनक वीडियो ऑनलाइन बेचे जा रहे थे। साइबर क्राइम की इस गंभीर घटना ने पूरे देश को हिलाकर रख दिया है।
यह पूरा मामला 17 फरवरी 2025 को तब उजागर हुआ, जब सोशल मीडिया पर एक अस्पताल के लेबर रूम का वीडियो वायरल हुआ। इस वीडियो में बेड पर लेटी एक गर्भवती महिला को नर्स इंजेक्शन लगा रही थी। वीडियो के नीचे लिखा था— “पूरा वीडियो देखने के लिए यहां संपर्क करें” और इसके साथ एक टेलीग्राम ग्रुप का लिंक दिया गया था। टेलीग्राम पर यह गिरोह पैसे लेकर महिलाओं के मेडिकल चेकअप से लेकर डिलिवरी तक की पूरी फुटेज बेच रहा था। अस्पताल प्रबंधन की शिकायत के बाद हरकत में आई अहमदाबाद पुलिस और साइबर टीम ने जब जांच शुरू की, तो उनके होश उड़ गए। पुलिस ने देश के अलग-अलग राज्यों से अब तक इस गिरोह के 8 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
जांच में पता चला है कि इस शातिर गिरोह ने इंटरनेट पर बाकायदा एक पूरा बिजनेस मॉडल तैयार कर रखा था, जिसे वे कुछ इस तरह अंजाम देते थे:
यूट्यूब चैनल्स का इस्तेमाल: आरोपियों ने यूट्यूब पर तीन चैनल बना रखे थे, जहां वे हैक किए गए वीडियो के छोटे हिस्से (टीजर) अपलोड करते थे।
विदेशी हैकर्स से कनेक्शन: इस गिरोह के तार रोमानिया और अमेरिका (अटलांटा) के हैकर्स से जुड़े थे। ये लोग वर्चुअल नंबर्स के जरिए विदेशी हैकर्स से सीसीटीवी हैकिंग टूल्स और सॉफ्टवेयर लेते थे।
कीमत और पेमेंट: गिरोह एक वीडियो को 800 से 2,000 रुपये में बेचता था। पेमेंट के लिए टेलीग्राम ग्रुप्स, यूपीआई (UPI) और गिफ्ट वाउचर का इस्तेमाल किया जाता था।
ग्रुप्स के नाम: पुलिस ने “मेघा डेमो” जैसे टेलीग्राम ग्रुप्स का पता लगाया है, जहां वीडियो को अलग-अलग अश्लील कैटेगरीज में बांटकर बेचा जाता था। इस गंदे धंधे से आरोपी अब तक 8 लाख रुपये से ज्यादा की कमाई कर चुके थे।

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