आयोजन: गौचर में 11 दिन तक सजी कामधेनु रामलीला, भगवान राम के राज्याभिषेक के साथ समापन
चमोली (आर एन एस)। गौचर मेला मंच पर लोक कल्याण सेवा समिति की ओर से आयोजित 11 दिवसीय कामधेनु रामलीला का बृहस्पतिवार को भगवान श्रीराम के राज्याभिषेक के साथ समापन हो गया। रामलीला के दौरान महिला संगठनों और कीर्तन मंडलियों से जुड़ी महिलाओं ने अपनी शानदार प्रस्तुतियों से दर्शकों को मंत्रमुग्ध किया। पूरे आयोजन में धार्मिक आस्था, सांस्कृतिक परंपरा और स्थानीय प्रतिभाओं का अनूठा संगम देखने को मिला।
समिति के अध्यक्ष सुनील पंवार ने बताया कि पिछले वर्ष के अनुभवों को ध्यान में रखते हुए इस बार रामलीला को और बेहतर बनाने के प्रयास किए गए। आयोजन की तैयारियां चार माह पहले ही शुरू कर दी गई थीं। इसके लिए तीन चरणों में प्रक्रिया पूरी की गई। पहले चरण में पात्रों के ऑडिशन लिए गए, दूसरे चरण में रिहर्सल कराई गई और तीसरे चरण में रामलीला का विधिवत मंचन किया गया। उन्होंने बताया कि पात्रों का चयन स्थानीयता के आधार पर नहीं, बल्कि ऑडिशन में उनके प्रदर्शन और अभिनय क्षमता के आधार पर किया गया।
रामलीला में विभिन्न पात्रों ने अपने अभिनय से दर्शकों पर गहरी छाप छोड़ी। दीपक कनवासी ने भगवान राम, गगन चौहान ने लक्ष्मण, शुभम असवाल ने कुंभकर्ण, महावीर रावत ने हनुमान, भरत नेगी ने रावण, विनोद खंडूड़ी ने विभीषण और जगमोहन रावत ने मेघनाद की भूमिका निभाई।
आयोजन के दौरान सामाजिक और राजनीतिक क्षेत्र में सक्रिय लोगों की मौजूदगी भी रही। बदरीनाथ विधायक लखपत सिंह बुटोला, जिला पंचायत उपाध्यक्ष लक्ष्मण सिंह खत्री, कांग्रेस के पूर्व जिलाध्यक्ष मुकेश नेगी, अजय किशोर भंडारी, भारतीय श्रमजीवी पत्रकार संघ के प्रदेश अध्यक्ष चंद्रवीर गायत्री, श्रीनगर के व्यापारी संदीप सिंह पंवार और पूर्व जिला पंचायत उपाध्यक्ष लक्ष्मण सिंह रावत सहित कई लोग रामलीला मंच पर पहुंचे। इस दौरान विभिन्न राजनीतिक दलों के कार्यकर्ताओं और समाज में विशिष्ट पहचान रखने वाले लोगों को सम्मानित भी किया गया।

