आवाज़: संविदा श्रमिकों ने यूजेवीएनएल के खिलाफ किया प्रदर्शन, न्यूनतम वेतन की उठा रहे मांग
विकासनगर(आरएनएस)। व्यासी जलविद्युत परियोजना से जुड़े संविदा श्रमिकों ने न्यूनतम वेतन लागू नहीं किए जाने का आरोप लगाते हुए शनिवार को उत्तराखंड जल विद्युत निगम और कार्यदायी संस्था के खिलाफ प्रदर्शन किया। श्रमिक शुक्रवार से कार्य बहिष्कार कर टूल डाउन हड़ताल पर हैं। संघ अध्यक्ष नवीन तोमर ने आरोप लगाया कि निर्माणदायी एजेंसी और उत्तराखंड जल विद्युत निगम की ओर से सरकार द्वारा संशोधित न्यूनतम वेतन दरें लागू नहीं की जा रही हैं। श्रमिकों को अप्रैल 2026 से लागू संशोधित वेतनमान का लाभ अब तक नहीं मिला है। इस संबंध में पूर्व में भी संबंधित अधिकारियों को अवगत कराया गया, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हुआ।श्रमिकों ने सुरक्षा उपकरण उपलब्ध नहीं कराए जाने का भी आरोप लगाया। संघ अध्यक्ष ने कहा कि बिना सुरक्षा उपकरणों के काम करने से श्रमिकों की जान को खतरा बना रहता है। उन्होंने बताया कि करीब दो वर्ष पूर्व पछुवादून क्षेत्र के एक पावर हाउस में सुरक्षा उपकरणों के बिना काम कर रहे एक श्रमिक की दुर्घटना में मौत हो गई थी। इसके बावजूद सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीरता नहीं बरती जा रही है। उन्होंने बताया कि व्यासी बांध परियोजना में सौ से अधिक संविदा श्रमिक काम कर रहे हैं। आरोप लगाया कि श्रमिकों को समय पर वेतन नहीं मिलने के कारण उन्हें आर्थिक तंगी से गुजरना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि परियोजना के लिए कई श्रमिकों की कृषि भूमि अधिग्रहीत की जा चुकी है। ऐसे में परिवार के भरण-पोषण के लिए मजदूरी ही उनका प्रमुख सहारा है। श्रमिकों ने चेतावनी दी कि न्यूनतम वेतनमान लागू करने, समय पर वेतन भुगतान और सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराने समेत अन्य मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो टूल डाउन हड़ताल जारी रखी जाएगी। प्रदर्शन करने वालों में बारू दत्त, सुनील, जगत सिंह, कुलदीप, विकास, प्रमोद कुमार, राहुल रावत, कैलास तोमर और अनिल कुमार आदि शामिल रहे।

