हैरतअंगेज: जमीन में गाड़े गये 500 रुपये के नोट से भरे 3 ड्रम बरामद, गिनती में निकले पांच करोड़
प्रयागराज (आरएनएस)। उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां नवाबगंज के बरईपुर रामनगर गांव में एक घर के अंदर जमीन के नीचे 5 करोड़ रुपये की नकदी बरामद हुई है। मकान राकेश यादव उर्फ महाकाल का है। पुलिस ने जांच के दौरान यह रुपये बरामद किए हैं। रुपये 3 ड्रमों के अंदर भरे थे, जिसमें 500-500 रुपये की नोटें थीं। बरामद नकदी 5 करोड़ रुपये बताई गई हैं, जबकि गांव में चर्चा 60 करोड़ रुपये की है।
पुलिस को बुधवार देर शाम को राकेश के घर पर चोरी के रुपये जमीन में गाड़ने की जानकारी मिली थी, जिसके बाद पुलिस ने पूरे गांव की बिजली कटवा दी और जांच अभियान चलाया।
जांच के दौरान पुलिस को जमीन के अंदर दबाए गए 3 नीले ड्रम मिले, जिसमें कपड़े से लपेटकर नोटों की गड्डियां रखी गई थीं। पुलिस ने घर को सील कर दिया है और नोटों को जब्त किया है।
इनकी गिनती आयकर विभाग की टीम करेगी।
पुलिस ने बताया कि यह पुश्तैनी मकान राकेश का है। उसके 6 भाई हैं, जिसमें राजेश और लवकुश गांव में रहते हैं, जबकि छोटू, राजेंद्र और अभिषेक बाहर हैं।
पुलिस ने फिलहाल राकेश और राजेश को हिरासत में लिया है। अन्य 2 लोगों को भी हिरासत में लिए जाने की बात सामने आई है।
पुलिस नेे घर, बगीचे और खाली जमीन को घेर दिया है। आसपास 40 जवान तैनात किए गए हैं।
ग्रामीणों ने बताया कि राकेश पुणे में अपने बहनोई और साले के साथ सर्राफा व्यापारी के घर पर काम करता था। सभी कोरोना के समय गांव लौट आए।
उसके बाद राकेश ने 10 करोड़ रुपये की 22 बीघा जमीन, 2 ट्रैक्टर, एक डीजे और एक पिकअप खरीदा। एक करोड़ रुपये से घर बनवाया और सीमेंट-सरिया का कारोबार जमाया।
गांव वालों को कुछ शक हुआ। हालांकि, कुछ दिन पहले पड़ोसी से झगड़े के बाद उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज हुई थी।
आसपास के लोगों का कहना है कि राकेश के खिलाफ शिकायत दर्ज होने के बाद एक दरोगा उनके घर जांच करने आया था, जिससे राकेश की काफी बहस हुई थी। इसके बाद पुलिस ने जांच में घर के अंदर से करोड़ों रुपये बरामद किया। 5 करोड़ बरामद
प्रयागराज (आरएनएस)। उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां नवाबगंज के बरईपुर रामनगर गांव में एक घर के अंदर जमीन के नीचे 5 करोड़ रुपये की नकदी बरामद हुई है। मकान राकेश यादव उर्फ महाकाल का है। पुलिस ने जांच के दौरान यह रुपये बरामद किए हैं। रुपये 3 ड्रमों के अंदर भरे थे, जिसमें 500-500 रुपये की नोटें थीं। बरामद नकदी 5 करोड़ रुपये बताई गई हैं, जबकि गांव में चर्चा 60 करोड़ रुपये की है।
पुलिस को बुधवार देर शाम को राकेश के घर पर चोरी के रुपये जमीन में गाड़ने की जानकारी मिली थी, जिसके बाद पुलिस ने पूरे गांव की बिजली कटवा दी और जांच अभियान चलाया।
जांच के दौरान पुलिस को जमीन के अंदर दबाए गए 3 नीले ड्रम मिले, जिसमें कपड़े से लपेटकर नोटों की गड्डियां रखी गई थीं। पुलिस ने घर को सील कर दिया है और नोटों को जब्त किया है।
इनकी गिनती आयकर विभाग की टीम करेगी।
पुलिस ने बताया कि यह पुश्तैनी मकान राकेश का है। उसके 6 भाई हैं, जिसमें राजेश और लवकुश गांव में रहते हैं, जबकि छोटू, राजेंद्र और अभिषेक बाहर हैं।
पुलिस ने फिलहाल राकेश और राजेश को हिरासत में लिया है। अन्य 2 लोगों को भी हिरासत में लिए जाने की बात सामने आई है।
पुलिस नेे घर, बगीचे और खाली जमीन को घेर दिया है। आसपास 40 जवान तैनात किए गए हैं।
ग्रामीणों ने बताया कि राकेश पुणे में अपने बहनोई और साले के साथ सर्राफा व्यापारी के घर पर काम करता था। सभी कोरोना के समय गांव लौट आए।
उसके बाद राकेश ने 10 करोड़ रुपये की 22 बीघा जमीन, 2 ट्रैक्टर, एक डीजे और एक पिकअप खरीदा। एक करोड़ रुपये से घर बनवाया और सीमेंट-सरिया का कारोबार जमाया।
गांव वालों को कुछ शक हुआ। हालांकि, कुछ दिन पहले पड़ोसी से झगड़े के बाद उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज हुई थी।
आसपास के लोगों का कहना है कि राकेश के खिलाफ शिकायत दर्ज होने के बाद एक दरोगा उनके घर जांच करने आया था, जिससे राकेश की काफी बहस हुई थी। इसके बाद पुलिस ने जांच में घर के अंदर से करोड़ों रुपये बरामद किया।

