खबरदार: अब बिना लाइसेंस के कुत्ता पालना पड़ सकता है महंगा, नगर निगम ने उठाया सख्त कदम
देहरादून। शहरमें कुत्ता पालने का शौक़ पूरा करना अब आसान नहीं होगा। इस शौक को पूरा करने के लिए लोगों को अब कुछ कायदे-कानून की प्रक्रियाओं से गुजरना होगा। नगर निगम पालतू कुत्तों से नागरिकों को होने वाली दिक्कतों को देखते हुए कुत्ता पालने के लिए लाइसेंस की अनिवार्यता का नियम लागू करने जा रहा है। ऐसे में कुत्ता पालने का शौक पूरा करने के लिए आपको अब कीमत भी चुकानी पड़ेगी। खासतौर से तब, जबकि आपके शौक से दूसरों को किसी तरह की तकलीफ हो रही हो। सस्ते से लेकर महंगे-महंगे कुत्ते पालने वाले देहरादून शहर के शौकीन लोगों को अब नगर निगम शौक पूरा करने का पाठ पढ़ाएगा।
गौरतलब है कि अभी हाल ही में यूपी की राजधानी लखनऊ में पिटबुल नस्ल के कुत्ते ने अपनी 80 वर्षीय मालकिन को नोंच-नोंचकर मार डाला था। इस खबर ने पूरे देश को हैरान कर दिया था और सवाल उठने लगा था कि क्या एक कुत्ता अपने मालिक पर इस तरह हमला कर सकता है कि उसकी जान ही ले ले। लखनऊ की इस घटना के बाद उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में पालतू कुत्तों का लाइसेंस बनवाने वालों की संख्या में तेजी देखने को मिली है। नगर निगम कुत्तों का लाइसेंस बनवाने पर जोर दे रहा है। बाकायदा निगम की टीम जगह-जगह जाकर लोगों को जागरूक कर रही है। साथ ही कुत्तों का लाइसेंस न बनवाने वालों पर भी सख्त कार्रवाई की जा रही है। नगर निगम के वरिष्ठ पशु चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर डी तिवारी ने कहा कि लोग काफी जागरूक हुए हैं और डॉग लाइसेंस बनवा रहे हैं, लेकिन कुछ लोग सख्ती के बावजूद नहीं मान रहे हैं। उन्होंने बताया कि कोई भी लाइसेंस के लिए ऑनलाइन पंजीकरण कर सकता है और लाइसेंस बनवा सकता है। औचक निरीक्षण के दौरान अगर कुत्ते का लाइसेंस नहीं पाया गया, तो मालिक पर 500 रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा। साथ ही मुकदमा भी दर्ज हो सकता है। लोग अपने पालतू कुत्ते का लाइसेंस ऑफलाइन और ऑनलाइन दोनों तरह से बनवा सकते हैं। ऑनलाइन डॉग लाइसेंस के लिए अप्लाई करने के लिए देहरादून नगर निगम के इस लिंक https://nagarnigamdehradun.com/licence-dog/registration-form.php पर क्लिक करें। इसके बाद आवेदक को अपनी और कुत्ते की जानकारी भरनी होगी। उसे अपने पालतू कुत्ते की नस्ल, आयु, नाम, लिंग आदि की जानकारी भरनी होगी। इसके बाद पालतू कुत्ते को जहां अंतिम बार रैबीज का टीका लगाया गया, उसकी जानकारी देनी होगी। जैसे- उसके रैबीज टीकाकरण की तारीख, अस्पताल का नाम, पशु चिकित्सक का नाम आदि। इसके लिए आपको रैबीज व अन्य टीकाकरण प्रमाण पत्र को भी अपलोड करना होगा। डॉग लाइसेंस बनवाने के लिए आवेदक को शुल्क के तौर पर 200 रुपये देने होंगे। लोग ऑनलाइन आसानी से पंजीकरण करवा सकते हैं और लाइसेंस बनवा सकते हैं।

