अनदेखी: ऋषिकेश-गंगोत्री हाईवे पर बने गड्ढे हादसों को दे रहे न्योता, छः माह के बाद भी नहीं हुई मरम्मत
नई टिहरी। ऋषिकेश-गंगोत्री हाईवे पर भद्रकाली से नरेंद्रनगर के बीच जगह-जगह गड्ढे बने हैं। सड़क पर बने गड्ढे दुर्घटना को न्योता दे रहे हैं। छह माह से अधिक समय बीत जाने के बाद मरम्मत कार्य नहीं हो पाया। गत वर्ष आपदा से ऋषिकेश-गंगोत्री हाईवे जगह-जगह क्षतिग्रस्त हो हुआ था। भद्रकाली और नरेंद्रनगर के बीच ओणीबैंड, गुजर डेरा, पॉलिटेक्निक कॉलेज सहित कई जगहों पर हाईवे क्षतिग्रस्त हो गया था,जिससे सड़क पर गड्ढे बन गए थे। छह माह बाद भी बीआरओ की ओर से हाईवे की मरम्मत का कार्य नहीं करवाया जा सका। पॉलिटेक्निक कॉलेज के मोड़ पर बने गड्ढों के कारण आवाजाही जोखिम भरी बनी है। हालांकि आगामी चारधाम यात्रा को देखते हुए एक माह पूर्व से बीआरओ ने सड़क मरम्मत कार्य शुरु करवा दिया था लेकिन चारधाम यात्रा के प्रवेश द्वार भद्रकाली के पास बने गड्ढे को अभी तक ठीक नहीं करवाए जा सके। हाल ही गुर्जर डेरा के पास कार चालक के हाईवे पर बने गड्ढों से बचाने के लिए गलत साइड पर चले जाने से सामने से आ रहे ट्रक से टक्कर हो गई। गनीमत रही चालकों की सुझबूझ से बड़ी दुर्घटना होने से बच गई। चारधाम यात्रा के लिए करीब एक माह का समय बचा है, बीआरओ को इस बीच ऋषिकेश-गंगोत्री हाईवे को दुरूस्त करना किसी चुनौती से कम नहीं है।
‘बीआरओ राजमार्ग की देखरेख ठेकेदार के माध्यमों से करता है। संबंधित ठेकेदार ने हाईवे को ठीक करने का कार्य शुरू कर दिया था। इसी दौरान मध्य एशिया में युद्ध छिड़ने के कारण एलपीजी की किल्लत हो गई। बीच त्योहार पढ़ने के कारण से मजदूर भी छुट्टी पर चले गए। एक सप्ताह के भीतर हाईवे मरम्मत का कार्य फिर से शुरू हो जाएगा।’
– सुरेंद्र सिंह रावत, सहायक अभियंता बीआरओ।
सिरखोल-भरपूर सड़क का डामर उखड़ने से बनी है खस्ताहाल
दूसरी ओर, प्रतापनगर के सिरखोली-भरपूर सड़क का डामर उखड़ने से सड़क खस्ताहाल बनी है। लोग जान जोखिम में डालकर आवाजाही करने को मजबूर हैं। सिरखोल-भरपूर छह किलोमीटर सड़क का डामरीकरण वर्ष 2019 में पीएमजीएसवाई ने किया था तब यह पीएमजीएसवाई के पास थी। डामरीकरण उखड़ने से सड़क पर बड़े-बड़े गड्ढे बन चुके हैं। ग्राम पंचायत भरपूर की ग्राम प्रधान आरती कलूड़ा, पूर्व क्षेत्र पंचायत सदस्य संदीप सिंह कलूड़ा, राज्य आंदोलनकारी देवी सिंह पंवार ने बताया कि ग्रामीणों की ओर से लंबे समय सड़क के डामरीकरण और सुधारीकरण की मांग की जा रही है लेकिन सड़क डामरीकरण नहीं हो पाया है। 25 मार्च से भरपूर गांव में भैरव देवता मंदिर में भव्य कथा का आयोजन होना है। सिरखोल-भरपूर सड़क भैतुला खाल को जोड़ती है सिरखोली से भरपूर तक का हिस्सा लोक निर्माण विभाग प्रांतीय खंड बौराड़ी के पास अधीन आने के बाद एक बार भी सुधारीकरण कार्य नहीं किया गया। जबकि आगे-पीछे सड़क पीएमजीएसवाई के पास है। सड़क का डामरीकरण उखड़ने से जगह-जगह बजरी फैली है जिससे दोपहिया वाहन चालक फिसल रहे हैं। सड़क की सुरक्षा दीवार और पैराफिट भी जगह-जगह क्षतिग्रस्त है। सड़क सुधारीकरण के लिए कई बार विभागीय अधिकारियों के पास शिकायत दर्ज करवाई गई लेकिन मरम्मत नहीं हो पाई। सड़क का सुधारीकरण कार्य नहीं होने पर उन्हें मजबूर होकर विभागीय अधीक्षण अभियंता के पास शिकायत दर्ज करनी पड़ी। इस बाबत लोनिवि के अधीक्षण अभियंता केएस नेगी ने कहा कि सड़क का डामरीकरण का प्रस्ताव पूर्व में शासन को भेजा जा चुका है। धनराशि मिलते सड़क का डामरीकरण कार्य करवा दिया जाएगा। (प्रतीकात्मक फोटो)

