कामयाबी: पकड़ा गया शातिर ‘नटवरलाल’, आधे मूल्य में स्कूटी का लालच देकर ठगे थे 20 करोड़ से ज्यादा
कोच्चि। केरल के कोच्चि में 26 साल का ‘नटवरलाल’ पकड़ा गया है। इस महाठग ने लोगों को स्कूटी, घरेलू सामान और अन्य इलेक्ट्रॉनिक्स आइटम आधी से कम कीमत पर देने का लालच देकर 20 करोड़ से अधिक की ठगी कर दी। यह दो साल से लोगों को बेवकूफ बनाता रहा और उनकी रकम से मौज उड़ाता रहा। इसने एक फर्जी एनजीओ भी बनाया। जब पीड़ितों के सब्र का बांध टूट गया तो उन्होंने पुलिस से मामले में ऐक्शन की गुहार लगाई। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों में 6 अन्य लोगों के खिलाफ भी मामला दर्ज किया गया है।
कैसे करता था ठगी?
पुलिस के अनुसार, 2022 में मुख्य आरोपी अनंथु कृष्णन बड़े कॉरपोरेट्स के कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी फंड की मदद से लोगों को आधे दाम पर टू-व्हीलर, सिलाई मशीन आदि देने का झांसा दे रहा था। वह ‘मुवत्तुपुझा सोशियो-इकोनॉमिक डेवलपमेंट सोसाइटी’ नाम की संस्था बनाकर लोगों से पैसा जमा करवाता था। इसके अलावा, उसने कई कंसल्टेंसी कंपनियां बनाई और उन्हीं के जरिए पैसे का लेन-देन किया। उसने खुद को ‘नेशनल एनजीओ फेडरेशन’ का नेशनल कोऑर्डिनेटर बताया और लोगों को यकीन दिलाया कि उसे भारत में कई कंपनियों के सीएसआर फंड का प्रबंधन करने की जिम्मेदारी दी गई है।
लोगों से करोड़ों ठगे
पुलिस जांच में सामने आया कि केवल मुवत्तुपुझा में ही उसने करीब ₹9 करोड़ की ठगी की। इसके अलावा, उसने पूरे केरल में 62 “सीड सोसाइटीज़” बनाकर लोगों से पैसे इकट्ठा किए। मुवत्तुपुझा और इडुक्की जिलों में उसके खिलाफ कई मामले दर्ज हैं, और अब तक सामने आई ठगी की कुल रकम ₹20 करोड़ से अधिक हो सकती है।
पीड़ितों का हंगामा
इस मामले में सीड सोसाइटी की सैकड़ों महिलाओं ने कन्नूर पुलिस स्टेशन जाकर आरोपी के खिलाफ शिकायत दर्ज करवाई। उन्होंने बताया कि उन्होंने पैसे इसलिए जमा किए क्योंकि उनके परिचितों को लैपटॉप, सिलाई मशीन, वाटर टैंक, वॉटर प्यूरीफायर, फूड किट आदि आधी कीमत पर मिले थे।
कंपनियों को नहीं कोई जानकारी
पुलिस के मुताबिक, जिन कंपनियों के नाम पर कृष्णन ठगी कर रहा था, उन्हें इसकी जानकारी तक नहीं थी। पूछताछ में उसने स्वीकार किया कि किसी भी कंपनी से उसे सीएसआर फंड नहीं मिला। पुलिस अब इस घोटाले में कांग्रेस नेता लाली विंसेट समेत कई राजनीतिक नेताओं की भूमिका की भी जांच कर रही है। इस ठगी की कुल राशि बढ़ सकती है। पुलिस मामले की गहराई से जांच कर रही है।

