आवाज़: राज्य आंदोलनकारियों ने की सशक्त भू-कानून व मूल निवास लागू करने की मांग
चम्पावत। चम्पावत के राज्य आंदोलनकारियों ने राज्य में सशक्त भू-कानून व मूल निवास लागू करने की मांग की है। उन्होंने डीएम के माध्यम से 12 सूत्रीय मांगपत्र सीएम धामी को भेजा है। उन्होंने लंबित राज्य आंदोलनकारियों का शीघ्र चिन्हीकरण करने की भी मांग की है। उत्तराखंड राज्य आंदोलनकारी संगठन चम्पावत के अध्यक्ष बसंत तड़ागी के नेतृत्व में डीएम नवनीत पांडेय को ज्ञापन दिया। मांगपत्र के माध्यम से उन्होंने कहा कि राज्य आंदोलनकारियों को शीघ्र दस प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण दिया जाए। इसके अलावा उन्होंने पर्यावरण के लिए वन सुरक्षा के बदले उत्तराखंड को ग्रीन बोनस दिए जाने, उत्तराखंड की स्थाई राजधानी गैरसैंण को घोषित करने, एकसमान पेंशन देने, चिन्हित पूर्व राज्य आंदोलनकारी कर्मचारी, पूर्व सैनिक, सेवानिवृत्त कर्मचारी को भी सम्मान के रुप में पेंशन देने, खटीमा, मुजफ्फनगर, मंसूरी, श्रीयंत्र टापू देहरादून हत्याकांड के हत्यारों को सजा दिए जाने, तत्कालीन पत्रकारों को राज्य आंदोलनकारियों के रुप में चिन्हीकरण करने, पलायन रोकने को लेकर ठोस नीति बनाने, आंदोलनकारियों के लिए पर्यटक आवास व अतिथि गृह आरक्षित करने और राज्य के उद्योगों में 75 प्रतिशत युवाओं को आरक्षण देने की मांग की है।

