प्रतिक्रिया: 210 करोड़ की कथित संपत्ति के आरोपों से गरमाई उत्तराखंड की सियासत, रेखा आर्या पर हरदा ने उठाए सवाल

प्रतिक्रिया: 210 करोड़ की कथित संपत्ति के आरोपों से गरमाई उत्तराखंड की सियासत, रेखा आर्या पर हरदा ने उठाए सवाल
Spread the love

देहरादून। उत्तराखंड की कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या और उनके पति गिरधारी लाल साहू के बीच चल रहा विवाद अब राजनीतिक तूल पकड़ता जा रहा है। पति की ओर से करीब 210 करोड़ रुपये की कथित संपत्ति अर्जित करने के आरोप लगाए जाने के बाद पूर्व मुख्यमंत्री एवं कांग्रेस के वरिष्ठ नेता हरीश रावत ने भी संपत्ति के स्रोतों को लेकर सवाल उठाए हैं। इस विवाद ने प्रदेश की राजनीति में नई बहस छेड़ दी है।

हरीश रावत ने सोशल मीडिया पर अपनी टिप्पणी में बरेली से किच्छा को जोड़ने वाली सड़क के पास स्थित एक विशाल फार्महाउस और उसमें बने भव्य राजमहल का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि मीडिया में इस फार्महाउस को रेखा आर्या से जुड़ा बताया जा रहा है। हालांकि, रावत ने यह भी स्पष्ट किया कि उन्हें इस खबर की सत्यता की जानकारी नहीं है। इसके बावजूद उन्होंने सवाल उठाया कि कम राजनीतिक समय में इतनी बड़ी संपत्ति कथित तौर पर कैसे अर्जित की गई।
संपत्ति को लेकर उठ रहे सवालों के बीच हरीश रावत ने भाजपा के भ्रष्टाचार विरोधी नारे पर भी तंज कसा। उन्होंने ‘न खाऊंगा, न खाने दूंगा’ के नारे का उल्लेख करते हुए सवाल उठाए। कांग्रेस नेता की टिप्पणी ऐसे समय आई है, जब मंत्री और उनके पति के बीच विवाद सार्वजनिक मंच पर पहुंच चुका है।
हालांकि, फार्महाउस के स्वामित्व और उससे मंत्री के संबंधों को लेकर अभी स्वतंत्र एवं आधिकारिक पुष्टि सामने आना आवश्यक है। ऐसे में संपत्ति से जुड़े सवाल राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप का हिस्सा बने हुए हैं।
विवाद के बीच गिरधारी लाल साहू ने सोशल मीडिया पर जारी वीडियो में अपनी पत्नी रेखा आर्या पर करीब 210 करोड़ रुपये की कथित अवैध संपत्ति अर्जित करने का आरोप लगाया है। उन्होंने मंत्री के विभाग में भ्रष्टाचार होने का दावा करते हुए मामले की जांच की मांग की है।
दूसरी ओर, रेखा आर्या ने अपने पति के आरोपों को निराधार बताया है। मंत्री का कहना है कि उनकी आय और संपत्ति का विवरण सार्वजनिक है। उन्होंने कानून के अनुसार जांच कराने और दोषी पाए जाने पर कार्रवाई स्वीकार करने की बात भी कही है।

इस तरह एक ओर पति की ओर से संपत्ति और कथित भ्रष्टाचार को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं, तो दूसरी ओर मंत्री ने आरोपों को खारिज करते हुए जांच का सामना करने की बात कही है। अब पूरे मामले में आरोपों की पुष्टि संबंधित दस्तावेजों, संपत्ति के रिकॉर्ड और जांच के निष्कर्षों से ही हो सकेगी।
विवाद केवल संपत्ति के आरोपों तक सीमित नहीं है। रेखा आर्या ने अपने पति के खिलाफ मारपीट, धमकी, कथित जालसाजी और अन्य गंभीर आरोपों को लेकर पुलिस में प्राथमिकी दर्ज कराई है। मामले की जांच के लिए विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया है। गिरधारी लाल साहू ने अपने ऊपर लगे आरोपों से इनकार किया है।
अब पुलिस जांच के जरिए दोनों पक्षों की ओर से लगाए गए आरोपों की पड़ताल की जाएगी। साथ ही, संपत्ति को लेकर उठे सवालों पर भी राजनीतिक और सार्वजनिक स्तर पर चर्चा तेज हो गई है।
रेखा आर्या और गिरधारी लाल साहू के बीच सामने आया विवाद अब व्यक्तिगत आरोप-प्रत्यारोप से आगे बढ़कर राजनीतिक मुद्दा बन गया है। कांग्रेस ने जहां इस प्रकरण के बहाने भाजपा पर सवाल उठाने का अवसर तलाशा है, वहीं मंत्री ने आरोपों को निराधार बताते हुए जांच का सामना करने की बात कही है।
फिलहाल, करीब 210 करोड़ रुपये की कथित संपत्ति, फार्महाउस के स्वामित्व और भ्रष्टाचार के आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि होना बाकी है। ऐसे में सबसे अहम सवाल यही है कि जांच में कौन-से तथ्य सामने आते हैं और संपत्ति के स्रोतों को लेकर उठाए जा रहे सवालों का दस्तावेजों के आधार पर क्या जवाब मिलता है। आधिकारिक जांच के निष्कर्ष सामने आने के बाद ही आरोपों की वास्तविकता स्पष्ट हो सकेगी।

Parvatanchal