उपलब्धि: नीरज चोपड़ा के नक्शए-कदम पर चला यह युवा भारतीय जांबाज, वर्ल्ड एथलेटिक्स 20 में चमक उठा देश का नाम

उपलब्धि: नीरज चोपड़ा के नक्शए-कदम पर चला यह युवा भारतीय जांबाज, वर्ल्ड एथलेटिक्स 20 में चमक उठा देश का नाम
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नई दिल्ली (RNS)।  वर्ल्ड एथलेटिक्स 20 चैंपियनशिप के तीसरे दिन भारत के युवा और प्रतिभाशाली जैवलिन थ्रोअर आशीष यादव ने शानदार प्रदर्शन करते हुए देश का खाता खोल दिया है। उन्होंने पुरुषों की भाला फेंक स्पर्धा में रजत (सिल्वर) पदक अपने नाम कर लिया है। इस ऐतिहासिक प्रदर्शन के साथ ही आशीष ने ग्लोबल प्लेटफॉर्म पर देश का मान बढ़ा दिया है और खेल प्रेमियों में खुशी की लहर दौड़ गई है।

तीसरे राउंड के दमदार थ्रो ने दिलाया ऐतिहासिक पदक
मुकाबले की शुरुआत से ही एथलीटों के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिल रही थी। आशीष यादव ने अपने तीसरे ही प्रयास में भाले को 74.09 मीटर की दूरी तक फेंका, जो उनके लिए टर्निंग पॉइंट साबित हुआ। इस बेहतरीन और सधे हुए थ्रो ने उन्हें सीधे पोडियम पर पहुंचा दिया और देश के लिए सिल्वर मेडल पक्का कर दिया। वहीं, इस स्पर्धा में भारत की तरफ से चुनौती पेश कर रहे दूसरे एथलीट टी. धरणिधरन ने भी बेहतरीन खेल दिखाते हुए 72.35 मीटर के थ्रो के साथ छठा स्थान हासिल किया।

ओलंपिक लीजेंड नीरज चोपड़ा के खास क्लब में हुई एंट्री
इस शानदार उपलब्धि के साथ ही 19 वर्षीय आशीष यादव ने इतिहास के पन्नों में अपना नाम स्वर्णिम अक्षरों में दर्ज करा लिया है। वह दो बार के ओलंपिक मेडलिस्ट और देश के स्टार जैवलिन थ्रोअर नीरज चोपड़ा के बाद इस प्रतिष्ठित इवेंट में रजत पदक जीतने वाले देश के केवल दूसरे पुरुष एथलीट बन गए हैं। आपको बता दें कि नीरज चोपड़ा ने साल 2016 में पोलैंड में आयोजित इसी चैंपियनशिप के दौरान स्वर्ण पदक अपने नाम किया था और 86.48 मीटर का ऐसा रिकॉर्ड बनाया था जो आज भी अटूट है।

दक्षिण अफ्रीका के एथलीट ने अपने नाम किया गोल्ड
इस रोमांचक और कड़े मुकाबले में स्वर्ण पदक दक्षिण अफ्रीका के जीन-हेंड्रिक हेयमैन के हाथ लगा। उन्होंने अपने छठे और आखिरी यानी निर्णायक प्रयास में शानदार प्रदर्शन करते हुए भाले को 80.50 मीटर की दूरी तक फेंका। उनके इस थ्रो ने सीजन का 20 वर्ल्ड लीड बनाते हुए गोल्ड मेडल पर कब्जा जमाया। हालांकि, विदेशी धरती पर भारतीय एथलीटों का यह जुझारू प्रदर्शन यह साबित करता है कि आने वाले समय में देश का एथलेटिक्स भविष्य बेहद उज्जवल है।

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