तनातनी: ईरान की अमेरिका को चेतावनी- अगर गलती की तो पूरी ताकत से दिया जाएगा जवाब
तेहरान। ईरान के संसद अध्यक्ष मोहम्मद बगेर गालिबाफ ने अमेरिका के साथ जारी तनाव के समाधान के लिए दोहरी नीति अपनाने का संकेत दिया है। उन्होंने कहा कि तेहरान सैन्य सतर्कता के उच्च स्तर पर रहते हुए भी कूटनीतिक समाधान के लिए तैयार है। गालिबाफ ने दावा किया कि ईरान ने युद्ध के मैदान में जीत हासिल की है और अब वह मजबूत स्थिति से बातचीत करने के लिए तैयार है।बज
गालिबाफ ने कहा कि ईरान किसी भी उकसावे का निर्णायक जवाब देगा। उन्होंने कहा, हम पूरी तरह से तैयार हैं- अगर वे जरा सी भी गलती करते हैं, तो हम पूरी ताकत से जवाब देंगे। पहले के संघर्षों की तुलना में ईरान की क्षमताओं में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। तीसरे थोपे गए युद्ध में आक्रमणकारी क्षमताओं और रणनीति के मामले में हम निश्चित रूप से अतीत से कहीं आगे हैं और हमने इसे युद्ध के मैदान में देखा है।
गालिबाफ ने कहा, सैन्य रूप से हम अमेरिका से अधिक शक्तिशाली नहीं हैं। उनके पास अधिक धन, उपकरण और संसाधन हैं। चूंकि उन्होंने दुनिया भर में कई हमले किए हैं, इसलिए उनके पास हमसे अधिक अनुभव भी है। हमने एक असममित युद्ध इस तरह लड़ा कि अपनी योजना और तैयारी के दम पर हमने दुश्मन को पीछे धकेल दिया। दुश्मन के पास धन और संसाधन थे, लेकिन उन्होंने योजना के अनुसार सही ढंग से कार्य नहीं किया।
हालात कभी भी बिगड़ सकते हैं, इस वजह से सेना पूरी तरह तैयार है। अगर ईरान के जहाज होर्मुज जलडमरूमध्य से नहीं गुजर पाए, तो किसी और देश के जहाजों को भी वहां से गुजरने नहीं दिया जाएगा। होर्मुज में बारूदी सुरंगें हटाने को युद्धविराम का उल्लंघन माना जाएगा और इसका जवाब दिया जाएगा। ईरान बातचीत के लिए तैयार है, लेकिन इसे कमजोरी नहीं समझा जाना चाहिए। अमेरिका इजरायल से मिली गलत जानकारी के आधार पर फैसले लेता है।
ईरान के मुख्य वार्ताकार ने कहा कि अमेरिका के साथ हालिया बातचीत में प्रगति हुई है, लेकिन परमाणु मुद्दों और होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर अभी भी कुछ मतभेद बने हुए हैं। वहीं, रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर धमकी के खिलाफ चेतावनी देने के बावजूद तेहरान के साथ बहुत अच्छी बातचीत होने का जिक्र किया है। हालांकि, अगले दौर की वार्ता को लेकर अभी कुछ आधिकारिक नहीं है।
ईरान ने होर्मुज में 2 भारतीय जहाजों पर गोलीबारी की। इसके बाद भारत ने ईरानी राजदूत को तलब किया। घटना में जनहानि की खबर नहीं है। ईरान ने अमेरिका पर युद्धविराम उल्लंघन करने का आरोप लगाते हुए होर्मुज को फिर बंद कर दिया है। रिपोर्ट्स में कहा गया है कल इस्लामाबाद में अमेरिका-ईरान के बीच बातचीत हो सकती है।
