संदिग्ध: जेल में हुई रणवीर सिंह रावत की मौत का मामला, ब्लॉक प्रमुख ने उठाई SIT जांच की मांग
नई टिहरी। जाखणीधार की ब्लाक प्रमुख सुनीता देवी ने सीएम पुष्कर सिंह धामी को स्थानीय युवक रणवीर सिंह रावत की देहरादून कारागार में हुई मौत की जांच के मामले में ज्ञापन प्रेषित किया है। उन्होंने मांग की है कि रणवीर सिंह रावत की मौत की एसआईटी जांच करवाने के साथ ही पीड़ित परिवार को मुआवजा दिया जाय।
जाखणीधार की प्रमुख सुनीता ने देवी ने सीएम को ज्ञापन के माध्यम से अवगत कराया कि ब्लाक जाखणीधार के ग्राम पंचायत मंदार निवासी 39 वर्षीय रणवीर सिंह रावत पुत्र सरोप सिंह रावत, जो कि ऋषिकेश में विश्वनाथ सेवा में परिचालक था, को पुलिस स्कूटी चोरी के आरोप में बीती 22 जून को सांय 5 बजे अपने साथ ले गई।
परिजनों का आरोप है कि पुलिस ने रणवीर सिंह रावत की बेरहमी से पिटाई की, जिससे उसकी हालत बहुत गंभीर हो गई। 23 जून को जब उसकी की पत्नी रीता रावत पति से मिलने गई तो रणवीर सिंह रावत के शरीर पर गंभीर चोटें थीं। पत्नी को रणवीर सिंह रावत ने बताया कि पुलिस उसके साथ लगातार मारपीट कर रही है। 23 जून को शाम पांच बजे पुलिस युवक को सुद्धोवाला जेल ले गई। शाम को लगभग साढ़े पांच बजे बताया गया कि युवक की जेल में मौत हो गई।
प्रमुख ने मामले में सीएम से संदिग्ध रूप से हुई इस मौत की एसआईटी जांच करवाकर जिम्मेदार पुलिस कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है।

