खुलासा: किरायेदार ही निकले लुटेरे, बुजुर्ग महिला को घायल कर लूट लिए थे जेवरात और स्कूटी

खुलासा: किरायेदार ही निकले लुटेरे, बुजुर्ग महिला को घायल कर लूट लिए थे जेवरात और स्कूटी
Spread the love

 

देहरादून। बुजुर्ग महिला को घायल कर जेवरात व स्कूटी लूट की घटना को अंजाम देने वाले किरायेदारों को पुलिस ने गिरफ्तार कर उनके कब्जे से लूटे गये जेवरात व स्कूटी बरामद कर ली। पुलिस ने दोनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उनको न्यायालय में पेश किया गया जहां से उनको न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, 09 मई को राजेन्द्र सिंह बिष्ट, निवासी नागल ज्वालापुर, डोईवाला देहरादून द्वारा कोतवाली डोईवाला में मुकदमा दर्ज कराते हुए बताया गया कि 08 मई को वह अपने परिजनों के साथ एक समारोह में बाहर गये थे, जब कार्यक्रम से वापस आये तो उनकी माता घायल अवस्था में घर के आंगन में पड़ी थी। उनके द्वारा मां उठाया गया तथा जानकारी करने पर उनकी माता द्वारा बताया गया कि रात्रि के समय करीब 11 बजे 02 व्यक्ति, जिनके द्वारा अपने मुंह पर रुमाल बांधा था, छत के रास्ते से घर में आये तथा उन्हें अकेला देखकर उनपर हमला कर दिया तथा उनसे छीना झपटी कर उनके गले से एक सोने की चेन व एक छोटा पर्स (जिसमें कुछ रुपये थे) छीनते हुए घर के आंगन में खड़ी स्कूटी को भी उठाकर ले गए। उसकी मां द्वारा उनके घर पर रह रहे किरायेदारों मनीष व भरत पर यह वारदात करने का शक जाहिर किया गया, जो घटना के बाद से ही घर से गायब हो गए हैं। कोतवाली डोईवाला पर पुलिस टीम गठित की गयी, गठित टीम द्वारा घटनास्थल व आसपास के स्थानों पर सीसीटीवी कैमरों का अवलोकन किया गया। पुलिस टीम द्वारा काली माता मन्दिर के पास, लालतप्पड़ पर चेकिंग के दौरान घटना को अंजाम देने वाले दोनों आरोपियों, मनीष त्यागी पुत्र लोकेश त्यागी, निवासी ग्राम नकीतपुर, थाना नहटौर जिला बिजनौर, तथा भरत पुत्र भीमाराम, निवासी ग्राम पिलवाड़ा, थाना पिलवाड़ा, जिला सिरोही, राजस्थान के कब्जे से घटना में लूटी गयी स्कूटी सफेद रंग के साथ गिरफ्तार किया गया। आरोपियों की तलाशी लेने पर उनके पास से घटना में लूटी गई चेन, एक आधार कार्ड, 2 हजार रुपये नगद बरामद हुए। पूछताछ में उनके द्वारा बताया गया कि वे दोनों पुताई का कार्य करते हैं। गिरफ्तार दोनों आरोपी नशे के आदी हैं तथा अपने नशे की पूर्ति के लिए उनके द्वारा काफी लोगों से पैसे उधार लिए गए थे तथा अपनी बाइक को भी एक व्यक्ति के पास गिरवी रख दिया था, जिसे छुड़ाने के लिए उनके द्वारा लूट की घटना को अंजाम देने की योजना बनाई। पुलिस ने दोनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उनको न्यायालय में पेश किया जहां से उनको न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया।

Parvatanchal