आवाज़: 11 सूत्रीय मांगों को लेकर सड़कों पर उतरीं भोजन माताएं, रैली निकालकर किया प्रदर्शन
खटीमा। गुरुवार की भोजन माता कामगार यूनियन खटीमा इकाई ने सड़कों पर उतरकर अपनी 11 सूत्रीय मांगों को लेकर सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। जिलाध्यक्ष रेखा राणा के नेतृत्व में भोजन माताओं ने जुलूस के रूप में खटीमा तहसील पहुंच जोरदार धरना प्रदर्शन किया। तहसीलदार के माध्यम से मुख्यमंत्री धामी को ज्ञापन भेज उनकी मांगों को जल्द पूरा करने की गुहार लगाई। मांगे पूरी ना होने पर भूख हड़ताल की भी चेतावनी जारी की गई।
भोजन माता कामगार यूनियन खटीमा इकाई के बैनर तले संगठन की जिला अध्यक्ष रेखा राणा के नेतृत्व में भोजन माताओं ने अपनी 11 सूत्रीय मांगों को लेकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए खटीमा नगर की सड़कों पर जुलूस निकाला। वहीं भोजन माताओं ने तहसील परिसर पहुंचकर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए अपना आक्रोश व्यक्त किया।
इस मौके पर 11 सूत्रीय मांगों का एक ज्ञापन तहसीलदार के माध्यम से मुख्यमंत्री को प्रेषित किया गया। आक्रोशित भोजन माताओं ने राज्य सरकार से जल्द राज्य कर्मचारी घोषित किए जाने, 26000 रूपए प्रतिमाह न्यूनतम वेतन देने, भविष्य निधि एवं ईएसआईसी की सुविधा देने, भोजन माताओं को पद से हटाने वाले आदेश को तत्काल रद्द करने, निकाली गई भोजन माताओं को वापस कार्य पर रखे जाने, सेवानिवृत होने पर ग्रेच्युटी व पेंशन का लाभ देने, भोजन माताओं के लिए कल्याण कोष बनाने, मध्यान्ह भोजन योजना को निजी हाथों में न देने, भोजन माताओं को सालाना 500 रुपये का बोनस देने, पोलिंग बूथ वाला पैसा उनके खाते में डाले जाने सहित 11 सूत्रीय मांगों का एक ज्ञापन भेजा।
भोजन माता कामगार यूनियन खटीमा इकाई ने जल्द से जल्द मांगों को पूरा करने की गुहार लगाई। साथ ही मांगे पूरा न होने पर उन्होंने भूख हड़ताल की भी चेतावनी दी है। वहीं तहसीलदार वीरेंद्र सजवाण ने बताया भोजन माताओं की मांगे महंगाई के इस समय में जायज प्रतीत हो रही हैं। इनके मांग पत्र को उचित माध्यम से मुख्यमंत्री को प्रेषित कर दिया जाएगा।

