आवाज़: अनाधिकृत बसों के संचालन के खिलाफ उत्तराखंड रोडवेज कर्मचारी यूनियन मुखर
देहरादून। उत्तरांचल रोडवेज कर्मचारी यूनियन की ओर से मुख्यमंत्री को पत्र के माध्यम से अवगत करवाया गया है कि उत्तराखंड में अनाधिकृत बसों के संचालन से सरकार और परिवहन निगम को घाटा हो रहा है। पदाधिकारियों ने अवगत करवाया है कि प्रतिदिन विभिन्न शहरों में पांच सौ के करीब बसें अवैध रूप से संचालित हो रही हैं। महामंत्री अशोक चौधरी ने बताया कि बस संचालक कांट्रैक्ट कैरिज परमिट लेकर स्टेज कैरिज परमिट के अनुसार बसें चला रहे हैं। परमिट की शर्तों के विपरीत ऑनलाइन बुकिंग कर और आईएसबीटी से यात्रियों को बैठा रहे हैं। उन्होंने कहा कि परिवहन विभाग और पुलिस की मिलीभगत के बिना यह संभव नहीं है। इसके अलावा उन्होंने बसों में अतिरिक्त सीटें लगाने, लंबाई व ऊंचाई मानकों के विपरीत बढ़ाने के कारण दुर्घटनाएं होने की बात कही है। पत्र के माध्यम से बताया है कि आईएसबीटी से करीब एक किलोमीटर की दूरी पर ट्रांसपोर्टनगर व हरिद्वार बाईपास के समीप दो अवैध बस अड्डों का संचालन किया जा रहा है। आईएसबीटी के समीप अवैध बस चार्जिंग स्टेशन को लेकर भी सवाल उठाए हैं। यूनियन के पदाधिकारियों ने इसकी जांच करवाकर उचित कार्रवाई करने की मांग की है।

