बड़ी खबर: विरोध के बाद मियांवाला का नाम बदलने पर पुनर्विचार का फैसला
देहरादून। उत्तराखंड में इन दिनों सड़क और क्षेत्र के नाम बदले जाने पर खूब राजनीति हो रही है। किन्तु कांग्रेस समेत कई दल इसका विरोध भी कर रहे है। इस बीच सोशल मीडिया के कुछ पत्रकारों, मियांवाला के नागरिकों और मियां राजपूत जाति के वरिष्ठ एवं सम्मानित लोगों द्वारा विरोध जताने के बाद अब क्षेत्र का नाम बदलने को लेकर फिर से पुनर्विचार करने का निर्णय लिया गया है।
प्रदेश की राजधानी देहरादून जिले में मियांवाला क्षेत्र का नाम बदलने को लेकर सरकार पुनर्विचार करने जा रही है। क्षेत्र में लगातार बढ़ रहे विरोध और स्थानीय लोगों की मांग के बाद मुख्यमंत्री ने इस मामले में फिर से विचार करने का भरोसा दे दिया है। दरअसल राज्य में देहरादून, हरिद्वार, उधम सिंह नगर और नैनीताल जिले के कई क्षेत्रों और सड़कों के नाम बदले जाने का फैसला किया गया था। मुख्यमंत्री ने इस संदर्भ में अधिकारियों को आदेश भी जारी कर दिए थे।
हरिद्वार जिले में 8 क्षेत्र और सड़कों के नाम बदलने का फैसला लिया गया था। इसी तरह नैनीताल जिले में दो सड़कों का नाम बदलने पर मुहर लगी थी। जबकि उधमसिंहनगर में भी एक पंचायत क्षेत्र का नाम बदलने के लिए अधिकारियों को निर्देश दिए गए थे। जबकि देहरादून जिले में चार क्षेत्रों के नाम बदलने का मन बनाया गया था। नाम बदले जाने वाले क्षेत्रों में देहरादून का मियांवाला क्षेत्र भी शामिल था। हालांकि इसकी घोषणा होने के बाद स्थानीय स्तर पर काफी विरोध देखने को मिला और विपक्ष भी नाम बदलने के खिलाफ जमकर विरोध करता हुआ दिखाई दिया। खास बात यह है कि इस क्षेत्र में रहने वाले भाजपा के नेता भी नाम बदले जाने के खिलाफ दिखाई दे रहे थे। इसके बाद यह बात मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के सामने भी रखी गई और मुख्यमंत्री ने इस मामले पर पुनर्विचार करने का निर्णय लिया है। इस संदर्भ में अधिकारियों को भी दिशा निर्देश जारी कर दिए गए हैं।

