आसार: आईआरजीसी सलाहकार का दावा, ट्रंप का कार्यकाल समाप्त होने तक युद्ध जारी रख सकता है ईरान
तेहरान (RNS)। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप जहां ईरान को झुकाने के लिए हमले जारी रखे हुए हैं, वहीं ईरान ने भी बहुत जल्दी पीछे हटने से इनकार कर दिया है। ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर (आईआरजीसी) के कमांडर के वरिष्ठ सलाहकार मोहम्मद रजा नघदी ने कहा कि तेहरान तब तक युद्ध को लंबा खींच सकता है, जब तक ट्रंप अपना कार्यकाल समाप्त नहीं कर देते। नघदी का कहना है कि इससे भविष्य में हमले रोकने को बल मिलेगा।
नघदी ने बताया, एक तरीका यह है कि इस युद्ध को अगले राष्ट्रपति कार्यकाल तक लंबा खींचा जाए और नुकसान पहुंचाया जाए, ताकि अगर कोई और ईरान पर हमला करना चाहे तो उसे पता चल जाए कि इसकी कीमत चुकानी पड़ेगी।
आईआरजीसी के कमांडर-इन-चीफ के वरिष्ठ सलाहकार नघदी ने कहा कि ईरान का मानना है कि वह युद्ध जीत रहा है, लेकिन उसने अभी तक अपना अंतिम लक्ष्य हासिल नहीं किया है।
नघदी ने यह टिप्पणी तब की जब उनसे पूछा गया कि क्या ईरान का उद्देश्य युद्ध को लंबा खींचना और ट्रंप के कार्यकाल समाप्त होने तक इंतजार करना है।
उन्होंने यह भी कहा कि ईरान को ऐसी प्रतिरोधक क्षमता स्थापित करनी होगी, जिससे दुश्मन हमला करने की हिम्मत न करे, इसका एक तरीका युद्ध को लंबा खींचना और लगातार हमले करना है, ताकि ईरान पर हमला करने की सोच रखने वाले को पता हो कि इसकी कीमत चुकानी पड़ेगी।
उन्होंने कहा कि संघर्ष को लंबा खींचने से ईरान को अमेरिका से लड़ने का अधिक अनुभव प्राप्त होगा और ऐसा दंड मिलेगा जो भविष्य में होने वाले हमलों के खिलाफ निवारक के रूप में काम कर सकता है।
उन्होंने बताया कि ईरान ने इस संघर्ष से सबक सीखा है और पाया है कि अमेरिकी सेना पहले की तुलना में कमजोर है।
उन्होंने कहा कि देश प्रतिदिन जितने मिसाइल लॉन्च कर रहा है, उससे कहीं अधिक मिसाइल उत्पादन कर रहा है।
नघदी ने दावा किया कि ईरान विभिन्न स्थानों पर मिसाइल निर्माण कर सकता है और यदि युद्ध वर्षों तक चले तो भी रॉकेट लॉन्च करना जारी रख सकता है।
उन्होंने सुझाव दिया कि अगर ईरान के मिसाइल भंडार खत्म हो जाएं तो वह अमेरिका के लिए और भी व्यापक खतरा पैदा कर सकता है।
उन्होंने होर्मुज जलडमरूमध्य पर नागरिक जहाजों पर हमला करने को अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन नहीं माना और खतरे वाले मार्गों को नियंत्रित करने का अधिकार बताया।
नघदी से युद्ध के दौरान सर्वोच्च नेता मोजतबा खामेनेई के सार्वजनिक रूप से न दिखने का भी कारण पूछा गया।
इस पर उन्होंने बताया कि वह सुरक्षा कारणों से अनुपस्थित हैं और अन्य कोई कारण नहीं है।
उनसे पूछा गया कि क्या उन्होंने कभी व्यक्तिगत रूप से मोजतबा से मुलाकात की है, तो उन्होंने इससे इनकार करते हुए कहा कि इस मामले को यहीं छोड़ देना चाहिए।

