सीएम धामी के विजन को एमडीडीए ने दी रफ्तार, IAS बंशीधर तिवारी का एक्शन मोड- हरियाली भी, बुलडोजर भी
- सिटी फॉरेस्ट, कालसी घाट, आमवाला तरला से धौलास आवासीय योजना तक उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी का मैराथन निरीक्षण
- प्रधानमंत्री मोदी के ‘सूर्य घर’ और हरित ऊर्जा अभियान को बढ़ावा, सिटी फॉरेस्ट पार्क में सोलर प्लांट बना मिसाल
देहरादून: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के सुशासन, पर्यावरण संरक्षण और नियोजित शहरी विकास के विजन को धरातल पर उतारने की दिशा में मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने विकास कार्यों की रफ्तार तेज कर दी है। बुधवार को प्राधिकरण के उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने अधिकारियों के साथ विभिन्न विकास परियोजनाओं का स्थलीय निरीक्षण किया और स्पष्ट संदेश दिया कि गुणवत्ता, समयबद्धता और जनहित से किसी भी स्तर पर समझौता नहीं किया जाएगा। निरीक्षण के दौरान हरित विकास, आधुनिक सुविधाओं, ऊर्जा संरक्षण, आवासीय योजनाओं और अवैध निर्माणों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई पर विशेष जोर दिया गया।
सिटी फॉरेस्ट बनेगा प्रकृति और आधुनिकता का संगम
सहस्त्रधारा रोड स्थित सिटी फॉरेस्ट का निरीक्षण करते हुए उपाध्यक्ष ने इसे उत्तराखंड के सबसे आकर्षक शहरी पार्कों में विकसित करने का खाका सामने रखा। उन्होंने पुराने ट्री हाउस का नवीनीकरण, पैदल मार्गों के दोनों ओर बारहमासी रंग-बिरंगे फूलों का रोपण, नदी किनारे मिट्टी के कटाव को रोकने के लिए बांस के पौधे लगाने, लोटस फाउंटेन विकसित करने और भारत माता मंदिर के निर्माण के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान यह भी सामने आया कि पार्क में स्थापित 120 किलोवाट क्षमता का सौर ऊर्जा संयंत्र बिजली खर्च में लगभग 90 प्रतिशत तक की बचत कर रहा है, जिसे हरित ऊर्जा के क्षेत्र में एक उल्लेखनीय उपलब्धि माना जा रहा है।
जुलाई से आमवाला तरला आवासीय योजना में मिलेगा आशियाना
रिकॉर्ड समय में तैयार की गई आमवाला तरला आवासीय योजना का निरीक्षण करते हुए उपाध्यक्ष ने अधिकारियों को जुलाई माह से लाभार्थियों को कब्जा सौंपने की प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए। परिसर में उन्होंने स्वयं पौधारोपण किया तथा छायादार और फलदार वृक्षों की संख्या बढ़ाने पर बल दिया। इसके अलावा खुली पार्किंग को कवर करने और पूरे परिसर की ड्रेनेज व्यवस्था को दुरुस्त करने के निर्देश भी दिए गए, ताकि भविष्य में जलभराव जैसी समस्याओं से बचा जा सके।
कूड़े से संसाधन बनाने की दिशा में नई पहल
सहस्त्रधारा रोड स्थित ट्रेंचिंग ग्राउंड के निरीक्षण के दौरान उपाध्यक्ष ने वहां पड़े ठोस अपशिष्ट के वैज्ञानिक पुनः उपयोग की कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए। इस दिशा में नगर निगम और स्मार्ट सिटी परियोजना के साथ संयुक्त बैठक आयोजित कर ठोस रणनीति बनाने का निर्णय लिया गया है। उद्देश्य यह है कि कचरे को बोझ नहीं बल्कि संसाधन के रूप में विकसित किया जाए और पर्यावरण संरक्षण के साथ आर्थिक उपयोगिता भी सुनिश्चित हो।
कालसी घाट का जुलाई में होगा लोकापर्ण
कालसी यमुना नदी तट पर विकसित किए जा रहे घाट का निरीक्षण करते हुए उपाध्यक्ष ने कार्य की प्रगति पर संतोष व्यक्त किया। उन्होंने श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए घाट पर मजबूत चेन लगाने, आसपास व्यापक पौधारोपण और हरित क्षेत्र विकसित करने तथा जुलाई तक सभी शेष कार्य पूर्ण कर लोकार्पण की तैयारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
प्रधानमंत्री आवास योजना के लाभार्थियों को जल्द मिलेगी सौगात
धौलास में प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत निर्माणाधीन परियोजना का निरीक्षण करते हुए बताया गया कि 15 में से 10 टावरों का निर्माण पूरा हो चुका है। उपाध्यक्ष ने निर्देश दिए कि जिन टावरों का कार्य पूर्ण हो चुका है, उनमें 30 जुलाई से लाभार्थियों को कब्जा सौंपने की प्रक्रिया हर हाल में शुरू कर दी जाए। इससे सैकड़ों परिवारों का अपने घर का सपना साकार होने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बढ़ेगा।
“हर परियोजना समय पर और उच्च गुणवत्ता के साथ पूरी होगी”- बंशीधर तिवारी
एमडीडीए उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशों के अनुरूप एमडीडीए केवल भवन निर्माण तक सीमित नहीं है, बल्कि पर्यावरण संरक्षण, हरित ऊर्जा, आधुनिक शहरी सुविधाओं और सुव्यवस्थित विकास के नए मानक स्थापित करने की दिशा में कार्य कर रहा है। उन्होंने कहा कि सिटी फॉरेस्ट, कालसी घाट, आवासीय योजनाएं और अन्य परियोजनाएं जनसुविधाओं को बेहतर बनाने की दृष्टि से विकसित की जा रही हैं। अवैध प्लॉटिंग और निर्माण के खिलाफ भविष्य में भी लगातार कार्रवाई जारी रहेगी तथा किसी भी प्रकार की नियमविरुद्ध गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी परियोजनाएं तय समयसीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूरी हों और आमजन को उनका लाभ शीघ्र मिल सके।
“जनहित और गुणवत्ता हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता”- मोहन सिंह बर्निया
एमडीडीए के सचिव मोहन सिंह बर्निया ने कहा कि प्राधिकरण की सभी विकास योजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग की जा रही है और प्रत्येक परियोजना को निर्धारित मानकों के अनुरूप पूरा करने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि आवासीय योजनाओं में बुनियादी सुविधाओं, जल निकासी, हरित क्षेत्र और पार्किंग व्यवस्था को सुदृढ़ किया जा रहा है ताकि नागरिकों को बेहतर जीवन गुणवत्ता मिल सके। साथ ही अवैध निर्माणों पर प्रभावी कार्रवाई जारी रहेगी और नियोजित विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाएगी।

