धमकी: ‘होर्मुज स्ट्रेट खोलो नहीं तो….,ट्रंप ने ईरान को दिया 48 घंटे का अल्टीमेटम; तेहरान ने भी दी कड़ी चेतावनी
वॉशिंगटन। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को होर्मुज स्ट्रेट पूरी तरह खोलने के लिए 48 घंटे का कड़ा अल्टीमेटम दिया है। ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर पोस्ट करते हुए चेतावनी दी कि यदि तेहरान ने तय समय सीमा के भीतर स्ट्रेट को बिना किसी खतरे के पूरी तरह नहीं खोला, तो अमेरिका ईरान के विभिन्न पावर प्लांट्स पर हमला कर उन्हें तबाह कर देगा। उन्होंने कहा कि हमले की शुरुआत सबसे बड़े प्लांट से की जाएगी।
ट्रंप ने यह पोस्ट भारतीय समयानुसार सुबह 5:14 बजे किया, जिसके अनुसार ईरान को मंगलवार सुबह तक का समय दिया गया है। उन्होंने लिखा कि यदि 48 घंटे के भीतर होर्मुज स्ट्रेट को पूरी तरह और सुरक्षित तरीके से नहीं खोला गया, तो अमेरिका सख्त सैन्य कार्रवाई करेगा। यह बयान ऐसे समय आया है जब एक दिन पहले ही ट्रंप ने युद्ध समाप्त करने की बात कही थी, जिससे इस चेतावनी को संघर्ष में बड़ा उछाल माना जा रहा है।
ट्रंप के इस अल्टीमेटम के जवाब में ईरान की सैन्य कमान ‘खातम अल-अंबिया’ ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। ईरान ने चेतावनी दी कि यदि उसके ईंधन और ऊर्जा ढांचे पर हमला हुआ, तो वह क्षेत्र में अमेरिका और उसके सहयोगियों के सभी ऊर्जा, सूचना प्रौद्योगिकी और डिसेलिनेशन (लवण-निर्मूलन) ढांचों को निशाना बनाएगा।
समाचार एजेंसी एएफपी के अनुसार, ईरानी सेना ने कहा है कि यदि दुश्मन द्वारा ईरान के ऊर्जा ढांचे का उल्लंघन किया गया, तो इसका व्यापक जवाब दिया जाएगा और क्षेत्रीय ढांचों पर हमले किए जाएंगे।
गौरतलब है कि 28 फरवरी को अमेरिका-इजरायल के संयुक्त हमलों के बाद ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट को अधिकांश शिपिंग ट्रैफिक के लिए बंद कर दिया था, विशेषकर उन देशों के लिए जो इन हमलों में शामिल हैं। यह स्ट्रेट वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति के लिए बेहद महत्वपूर्ण है, क्योंकि दुनिया का लगभग 20 प्रतिशत कच्चा तेल और तरलीकृत प्राकृतिक गैस इसी मार्ग से गुजरता है।
इस बंदिश के चलते तेल पर निर्भर देशों को वैकल्पिक मार्ग तलाशने पड़ रहे हैं और वे अपने भंडारों का उपयोग कर रहे हैं। इसके परिणामस्वरूप कच्चे तेल की कीमतों में तेज उछाल देखा जा रहा है, जिससे लंबे समय तक संघर्ष जारी रहने की स्थिति में वैश्विक मुद्रास्फीति बढ़ने का खतरा है।
ब्रिटेन, फ्रांस, इटली, जर्मनी, दक्षिण कोरिया, ऑस्ट्रेलिया, संयुक्त अरब अमीरात और बहरीन सहित कई देशों ने ईरान द्वारा होर्मुज स्ट्रेट को बंद किए जाने की कड़ी निंदा की है। यह घटनाक्रम मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव को दर्शाता है, जहां अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच जारी संघर्ष वैश्विक ऊर्जा बाजार को गंभीर रूप से प्रभावित कर रहा है। अब दुनिया की नजर इस बात पर टिकी है कि ईरान इस अल्टीमेटम को मानता है या स्थिति और गंभीर टकराव की ओर बढ़ती है।
