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राजनीति: सरकार के विरोध में सड़कों पर उतरी कांग्रेस,  भारी संख्या में किया सीएम आवास कूच

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संवाददाता
देहरादून, 10 जुलाई।

लगातार बढ़ती मंहगाई, बेरोजगारी, महिला सुरक्षा, कुंभ कोविड टेस्ट घोटाला और किसानों की बदहाली जैसे मुद्दों को लेकर उत्तराखंड कांग्रेस ने शनिवार को सड़कों पर उतर कर सरकार के खिलाफ अपने गुस्से का इजहार किया। प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह के आह्वान पर सरकार के विरोध में हल्ला बोल कार्यक्रम के तहत भारी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता देहरादून में जुटे और   सीएम आवास कूच किया। राजपुर रोड स्थित कांग्रेस मुख्यालय राजीव भवन से  पैदल मार्च निकाल कर सरकार विरोधी नारेबाजी करते हुए कांग्रेसियों का जुलूस सीएम आवास की ओर बढ़ा लेकिन हाथीबड़कला में  पहले से  मौजूद भारी पुलिस बल ने प्रदर्शनकारियों को बैरिकेडिंग लगाकर रोक दिया।


इस बीच कांग्रेसी कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच जमकर धक्का-मुक्की भी हुई । इससे गुस्साए प्रदर्शनकारी बैरिकेडिंग पर चढ़ गए और भाजपा सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इसके बाद पुलिस ने कई प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया और पुलिस लाइन भेज दिया। इस मौके पर पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कांग्रेस प्रदेश प्रभारी देवेंद्र यादव ने कहा कि उत्तराखंड की जनता ने बीजेपी को महंगाई,   महिला उत्पीड़न और बेरोजगारी जैसे मुद्दे खत्म करने के वायदों पर भरोसा करके चुनाव जिताया था लेकिन बीजेपी ने  मुख्यमंत्री बदलने के सिवा कोई काम नहीं किया।
जुलूस निकालने से पहले कांग्रेस भवन में एक विशाल जनसभा का आयोजन किया गया, जिसमें कांग्रेस ने केंद्र और राज्य की भाजपा सरकार पर जमकर हमले बोले। कांग्रेसियों का कहना था कि भाजपा शासनकाल में महंगाई अपने चरम पर है, जिससे आम आदमी का जीना दूभर हो गया है।


कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह ने कहा कि केंद्र सरकार महंगाई रोकने में असफल साबित हुई है। बेरोजगार युवा सड़कों पर रोजगार के लिए दर-दर भटक रहे हैं, लेकिन उनके लिए रोजगार दरवाजे बंद हैं। पार्टी नेताओं का कहना था कि भाजपा शासनकाल में किसानों की स्थिति बदहाल है। कार्पोरेट घरानों के हित में बनाए गए किसान विरोधी तीन कृषि कानूनों के खिलाफ किसान पिछले छः महीने से आंदोलन कर रहे हैं, जिसमें दो सौ ज्यादा किसान  अपने प्राणों की आहुति दे चुके हैं, लेकिन मोदी सरकार उनकी सुनवाई करने को तैयार नहीं।