Home उत्तराखंड निर्देशः होम आइसोलेशन अवधि पूरी होते ही काम में जुटे सीएम रावत,...

निर्देशः होम आइसोलेशन अवधि पूरी होते ही काम में जुटे सीएम रावत, नर्सिंग भर्ती मानकों में संशोधन के निर्देश दिए

210
0

संवाददाता
देहरादून, 5 जनवरी।

कोरोना संक्रमण से उबरने के बाद उत्तराखंड के मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत अपने दिल्ली स्थित आवास से कामकाज शुरू कर दिया है। उनकी होम आइसोलेशन की अवधी पूरी हो गई है जिसके बाद अब उन्होंने सरकारी कामकाज निपटाना शुरू कर दिया है। सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत ने आज दिल्ली स्थित आवास में फाइलें देखीं। वहीं इस दौरान उन्होंने मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने नर्सिंग की भर्ती में मानकों में संशोधन के निर्देश दिए हैं।
उल्लेखनीय है कि 18 दिसंबर को सीएम की कोरोना जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी। उनकी पत्नी और बेटी की रिपोर्ट भी पॉजिटिव आई थी। जिसके बाद वे होम आइसोलेट हो गये थे। होम आइसोलेशन के दौरान जब मुख्यमंत्री को बार—बार बुखार आने की शिकायत हुई तो 27 दिसंबर 2020 को उन्होंने दून मेडिकल कॉलेज में जांच करवाई जिसमें उनके फेफड़ों में हल्का इंफेक्शन भी आया था। जिसके बाद उन्हें भर्ती कर दिया गया था। एहतियात के तौर पर सीएम को 28 दिसंबर 2020 को दिल्ली एम्स के लिए रैफर कर दिया गया था जहां से वे दो जनवरी को डिस्चार्ज हुए थे। डिस्चार्ज होने बाद से वे दिल्ली स्थित उत्तरखण्ड आवास पर ही होम आइसोलेट थे।
आज होम आइसोलेशन की अवधि पूरी होने के बाद मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने आवास से ही सरकारी कामकाज निपटाना शुरू कर दिया है। आज उन्होंने अपने आवास कई फाइलें देखीं। आज एक महत्वपूर्ण फैसला लेते हुए मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने नर्सिंग की भर्ती में मानकों में संशोधन के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने नर्सिंग प्रशिक्षित बेरोजगार युवाओं के ज्ञापन का संज्ञान लेकर सचिव स्वास्थ्य को निर्देश दिए कि आवश्यक संशोधन का प्रस्ताव तैयार कर शीघ्र आगामी कैबिनेट में लाया जाए। इससे नर्सिंग की भर्ती मानकों में आवश्यक संशोधन किया जा सकेगा और ज्यादा से ज्यादा नर्सिंग प्रशिक्षित युवा उसमें शामिल हो सकेंगे।
मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत के निर्देश के बाद राज्य में 1200 से ज्यादा पदों पर नर्सिंग स्टाफ की भर्ती होने जा रही है। भर्ती के लिए 30 बेड के अस्पताल से एक साल के अनुभव और फार्म 16 की अनिवार्यता के कारण कई नर्सिंग प्रशिक्षित युवा इस भाग लेने से वंचित हो रहे थे। मुख्यमंत्री ने सचिव स्वास्थ्य को निर्देश दिए कि 30 बेड के अस्पताल में एक साल के अनुभव की शर्त को हटा दिया जाए। सचिव स्वास्थ्य अमित नेगी ने बताया कि मुख्यमंत्री के निर्देश के अनुसार नर्सिंग भर्ती के लिए अब 30 बेड के अस्पताल में एक साल के अनुभव की शर्त को हटाया जाएगा।
इसके लिए प्रस्ताव तैयार कर कैबिनेट के सम्मुख रखेंगे। इस संशोधन के बाद फार्म 16 की अनिवार्यता भी स्वत ही खत्म हो जाएगी। साथ ही 30 बेड के अस्पताल में एक साल के अनुभव की शर्त भी हट जाएगी। कैबिनेट निर्णय के बाद नर्सिंग प्रशिक्षित बेरोजगार इसके लिए नर्सिंग भर्ती के लिए पात्र हो जाएंगे।