Home उत्तराखंड प्रभावित गांव वाले चाहेंगे तो एनटीपीसी में मिलेगा कामः आरके सिंह

प्रभावित गांव वाले चाहेंगे तो एनटीपीसी में मिलेगा कामः आरके सिंह

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लापता एनटीपीसी कर्मचारियों के परिवारों को 20-20 लाख की सहायता मिलेगी

संवाददाता
देहरादून, 9 फरवरी।
केंद्रीय ऊर्जा मंत्री आरके सिंह ने चमोली आपदा में लापता एनटीपीसी के कर्मचारियों के परिवारों को ऊचाहार की दुर्घटना की भांति 20 लाख की आर्थिक सहायता देने की बात कही है। इनमें वे कर्मचारी शामिल हैं जिनके बचने की उम्मीद बेहद कम है।
उन्होंने कहा कि गांव के मिसिंग लोगों के परिवारों की कैसे बेहतर ढंग से मदद की जाए, इसकी भी योजना बनायी जा रही है। उन्होंने कहा कि यदि प्रभावित गांव वाले चाहेंगे तो उन्हें एनटीपीसी में काम दिया जायेगा। इसके अतिरिक्त सीएसआर के तहत भी पीड़ितों की मदद की जायेगी।


चमोली के रैणी में ग्लेशियर टूटने से रैणी व तपोवन परियोजना में मची तबाही पर उन्होंने कहा कि एनटीपीसी बैराज के मजबूत ढांचे ने बड़ा काम किया। अन्यथा पानी का यह आवेग राज्य के नीचे के क्षेत्रें में भारी तबाह का कारण बन सकता था। 2013 में जिस प्रकार पानी के बहाव को टिहरी बांध ने रोकने का कार्य किया, उसी तरह इस बैराज ने भी पानी को रोकने का कार्य किया।
केंद्रीय ऊर्जा मंत्री आरके सिंह ने जोशीमठ के रैणी क्षेत्र में ग्लेशियर टूटने से आयी आपदा से रैणी एवं तपोवन क्षेत्र में हुए नुकसान का स्थलीय निरीक्षण कर स्थिति का जायजा लिया। आपदा ग्रस्त क्षेत्र से लौटते हुए जौलीग्रांट एयरपोर्ट पर मीडिया से अनौपचारिक वार्ता में केन्द्रीय ऊर्जा मंत्री आरके सिंह ने बताया कि आपदा प्रभावित क्षेत्रें में रेस्कयू वर्क आईटीबीपी, आर्मी, एसडीआरएफ, एनडीआरएफ एवं स्थानीय पुलिस के आपसी समन्वय के साथ किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि इस आपदा में कार्यरत एक विद्युत परियोजना पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गयी है, जबकि तपोवन स्थित एनटीपीसी को भी काफी क्षति पंहुची है। उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र में हुए नुकसान के कारणों की इसरो की इमेजेज के आधार पर एनटीपीसी, टीएचडीसी एवं एसजेवीएनएल के पदाधिकारी भी अध्ययन करेंगे। इनकी एक टीम पैदल भी क्षेत्र को भ्रमण के लिये जायेगी।
उन्होंने कहा कि ऐसी आपदाओं की पूर्व जानकारी के लिये जिन हिल स्टेट में एनटीपीसी आदि के पावर प्रोजेक्ट हैं, वहां पर प्रोजेक्ट के साथ ही स्थानीय लोगों के व्यापक हित में अर्लि वार्निग सिस्टम प्रणाली उपलब्ध करायी जायेगी।
उन्होंने कहा कि इस दुर्घटना में काफी लोग मिसिंग है। जिनमें एनटीपीसी के 91 तथा निजी कम्पनी के 44 लोग भी शामिल है, जितने लोग मिसिंग है, उनको तलाशने का कार्य तेजी में किया जा रहा है। क्षेत्र के गांवाें के भी कुछ लोग लापता है, जिनमें 2 पुलिस वाले भी शामिल हैं।
उन्होंने कहा कि एनटीपीसी के टनलो को अभी लोडराें से डिसिल्ट किया जा रहा है, उसमें और तेजी लाये जाने के लिए 5 स्लडी पंपों की व्यवस्था की जा रही है। इस अवसर पर सचिव ऊर्जा राधिका झा भी उपस्थित थी।